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प्रश्नभूषणम भाग-1, 2 / Prashnbhushanam Part-1,2

प्रश्नभूषणम भाग-1, 2 : आचार्य गुरुप्रसाद गौड़ द्वारा हिंदी पीडीऍफ़ पुस्तक - सामाजिक | Prashnbhushanam Part-1,2 : by Acharya Guruprasad Gaud Hindi PDF Book - Social (Samajik)
पुस्तक का विवरण / Book Details
Book Name प्रश्नभूषणम भाग-1, 2 / Prashnbhushanam Part-1,2
Author
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Language
Pages 40
Quality Good
Size 16 MB
Download Status Available

पुस्तक का विवरण: गर्भ के प्रथम मास का स्वामी शुक्र होता है; क्योंकि शुक्र वीर्य का कारक है। शुक्र-शोणित ( शुक्राणु + डिम्बाणु ) के संयोग से गर्भ की स्थिति होती है। दूसरे मास में रक्‍त का निर्माण प्रारम्भ होता है; अत उसका कारक मंगल है। तीसरे मास में मज्जा-निर्माण तथा चेतना का उद्रव होने लगता है; अत: उसका स्वामी गुरु है………

Pustak Ka Vivaran : Garbh ke Pratham Mas ka svami Shukra hota hai; Kyonki Shukra veery ka karak hai. Shukra-shonit ( shukranu + dimbanu ) ke sanyog se garbh ki sthiti hoti hai. doosare mas mein Rakt ka Nirman prarambh hota hai; Atah usaka karak mangal hai. Teesare mas mein majja-nirman tatha chetana ka udrav hone lagata hai; at: usaka svami Guru hai…………

Description about eBook : The owner of the first month of pregnancy is Venus; Because Venus is a semen factor. The condition of the pregnancy is due to the combination of spermatozoa (sperm + ova). The blood begins to build in the second month; Hence its factor is Mars. In the third month, the medulla and the emergence of consciousness occur; So his master is master………

“कल तो चला गया। आने वाले कल अभी आया नहीं है। हमारे पास केवल आज है। आईये शुरुआत करें।” – मदर टेरेसा
“Yesterday is gone. Tomorrow has not yet come. We have only today. Let us begin.” – Mother Teresa

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