नवरात्रों का नौ दिन का पाठ : हिंदी पीडीऍफ़ पुस्तक – धार्मिक | Navratron Ka Nau Din Ka Path : Hindi PDF Book – Religious (Dharmik)

Book Nameनवरात्रों का नौ दिन का पाठ / Navratron Ka Nau Din Ka Path
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Language
Pages 112
Quality Good
Size 21 MB
Download Status Available

पुस्तक का विवरण : नवदुर्गा की प्रार्थना करने से पहले मस्तक पर भस्म, चन्दन, रोली का टीका लगाना चाहिए। नवदुर्गा की प्रार्थना के पश्चात्‌ कबच का पाठ करना चाहिए। इसके बाद अर्गला और कीलक का पाठ करें। इसके पश्चात्‌ रात्रि सूकत का पाठ करें। इतना कर लेने के बाद सप्तशती का पाठ प्रारम्भ करना चाहिए। श्री दुर्गा सप्तशती का पाठ 3 अध्यायों में वर्णित है। इन 3 अध्यायों में माँ भगवती के तीन……….

Pustak Ka Vivaran : Navdurga ki Prarthana karne se pahale Mastak par bhasm, chandan, Roli ka teeka lagana chahiye. Navdurga ki prarthana ke pashchat‌ kabach ka path karana chahiye. Iske bad argala aur keelak ka path karen. Iske pashchat‌ Ratri sookat ka path karen. itana kar lene ke bad saptashati ka path prarambh karna chahiye. Shri durga saptashati ka path 13 adhyayon mein varnit hai. In 13 Adhyayon mein Maa Bhagwati ke teen……….

Description about eBook : Before offering prayers to Navdurga, a tika of Bhasma, sandalwood, roli should be applied on the forehead. After the prayer of Navdurga, Kabch should be recited. After this recite Argala and Keelak. After this, recite the night sukta. After doing this, the recitation of Saptashati should be started. The text of Shri Durga Saptashati is described in 13 chapters. In these 13 chapters there are three of Mother Bhagwati……….

“श्रेष्ठ व्यक्ति बोलने में संयमी होता है लेकिन अपने कार्यों में अग्रणी होता है।” ‐ कंफ्यूशियस
“The superior man is modest in his speech, but exceeds in his actions.” ‐ Confucius

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नवरात्री 2021 के नौ दिन की तिथियां व नौ देवी के नाम

क्र० सं० दिन व तारीख माता का नाम
1.पहला दिन  (07-10-2021)शैलपुत्री        (पहाड़ों की पुत्री)
2.दूसरा दिन  (08-10-2021)ब्रह्मचारिणी   ( ब्रह्मचारीणी)
3.तीसरा दिन (09-10-2021)चंद्रघंटा        (चाँद की तरह चमकने वाली)
4.चौथा दिन   (10-10-2021)कूष्माण्डा     (पूरा जगत उनके पैर में है)
5.पांचवा दिन (11-10-2021)स्कंदमाता     (कार्तिक स्वामी की माता)
6.छठा दिन   (12-10-2021)कात्यायनी     (कात्यायन आश्रम में जन्मी)
7.सातवाँ दिन (13-10-2021)कालरात्रि      (काल का नाश करने वाली)
8.आठवाँ दिन (14-10-2021)महागौरी       (सफेद रंग वाली मां)
9.नौवाँ दिन    (15-10-2021)सिद्धिदात्री     (सर्व सिद्धि देने वाली)
 

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