Mahuacharita : By Kashinath Singh Hindi Book | महुआचरित : काशीनाथ सिंह द्वारा हिंदी पुस्तक
PDF डाउनलोड करने के लिए लिंक नीचे दिया गया है
महुआचरित पुस्तक पीडीएफ के कुछ अंश : मैं अकेली बेहद अकेली हो गई थी। मैं जब भी बाथरूम में नहाने जाती, कपड़े अलग करती और अपने बदन को बड़े गौर से देखती। हो सकता है गलत हो यह लेकिन जाने क्यों मुझे लगता कि यह शरीर गमले में पड़े गुलाब के उस पौधे की तरह हो गया है। जिसे अगर तुरन्त पानी न मिला तो सूखते देर न लगेगी! इसे पानी चाहिए, कोई पानी दो । लेकिन कौन देगा पानी ? अस्सी साल के पापा स्वतंत्रता सेनानी विचारों से सेकुलर । देश की दुर्दशा से दुखी! जिसे विकास कहते हैं,
“Explore more Hindi novel PDFs by clicking this link!”
Your Hindi story journey continues here
| पुस्तक का विवरण / Book Details | |
| Book Name | महुआचरित | Mahuacharita |
| Author | Kashinath Singh |
| Category | Fiction Book in Hindi PDF Novel Book in Hindi PDF Story Book PDF in Hindi |
| Language | हिंदी / Hindi |
| Pages | 108 |
| Quality | Good |
| Download Status | Not for Download |
“आप अतीत की बुनियाद पर भविष्य की योजना नहीं बना सकते।” ‐ एडमंड बुर्के
“You can never plan the future by the past.” ‐ Edmund Burke
हमारे टेलीग्राम चैनल से यहाँ क्लिक करके जुड़ें












